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  • पत्थर का जाता मारकर पत्नी ने पति को उतारा मौत के घाट

    पत्थर का जाता मारकर पत्नी ने पति को उतारा मौत के घाट

    कोरबा: कटघोरा थाना क्षेत्र के वनांचल ग्राम तुमान में पत्नी ने अपने पति की हत्या कर दी है. गुरुवार देर रात यह घटना सामने आई है. पति पत्नी के बीच झगड़ा व मारपीट हुई थी. जिसके बाद पत्नी ने आत्मरक्षा में पत्थर के जाता (गेहूं व अन्य खाद्यान्न पीसने के काम आने वाला एक गोलाकार पत्थर) से पति के सिर पर जोरदार हमला कर दिया. जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई.

    रात भर घर में ही पड़ी रही लाश

    घटना के बाद रातभर कमरे में ही मृतक की लाश पड़ी रही. शुक्रवार सुबह गांव वालों को घटना की जानकारी मिली. जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई. मृतक की पहचान 40 वर्षीय मनहरण यादव के रूप में हुई है, जबकि आरोपी 37 वर्षीय पत्नी कविता यादव है.

    कोरबा पुलिस और फॉरेंसिक टीम कर रही जांच

    सूचना मिलते ही कटघोरा थाना प्रभारी और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की. पुलिस ने आरोपी पत्नी को अपनी कस्टडी में ले लिया है. आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है. ग्रामीणों के अनुसार, शराब की लत के कारण दोनों के बीच अक्सर झगड़ा होता रहता था.

    आरोपी पत्नी गिरफ्तार, शराब के नशे में विवाद

    एएसपी नीतिश ठाकुर ने बताया कि गांव तुमान में शराब के नशे में पति और पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता था. बीती रात भी ऐसा ही कुछ हुआ, जिसके बाद पत्नी ने पति के सिर पर भारी चीज से वार किया. जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई. मौके पर पुलिस बल के साथ फॉरेंसिक टीम भी पहुंची है. घटना से जुड़े साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं आरोपी पत्नी को भी गिरफ्तार कर लिया गया है.

  • धान खरीदने से मना करने पर कंप्यूटर ऑपरेटर की पिटाई, किसानों पर FIR

    धान खरीदने से मना करने पर कंप्यूटर ऑपरेटर की पिटाई, किसानों पर FIR

    जांजगीर चांपा: धान खरीदी की शुरुआत अभी जिले में ठीक से शुरू भी नहीं हो पाई है कि किसानों और कर्मचारियों का विवाद और मारपीट की घटना सामने आने लगी है. भडेसर धान खरीदी केंद्र में किसानों पर कंप्यूटर ऑपरेटर से मारपीट का आरोप लगा है. ऑपरेटर ने इसकी शिकायत पुलिस में भी की है.

    किसानों और कंप्यूटर ऑपरेटर के बीच विवाद

    घटना शुक्रवार की है. भडेसर गांव के किसान पिता पुत्र अपने खेत में फसल काटकर ट्रैक्टर में भरकर धान खरीदी केंद्र पहुंचे. जहां कंप्यूटर ऑपरेटर ने धान की नमी चेक किया और उन्हें धान में 22 प्रतिशत नमी बताकर खरीदने से मना कर दिया. जिसके बाद विवाद हुआ.

    किसानों पर मारपीट का आरोप

    कंप्यूटर ऑपरेटर हेमंत राठौर के मुताबिक “दो किसान दोनों पिता पित्र है. वे धान लेकर आए थे. उनके धान में 22 प्रतिशत नमी आ रही थी. हमने चेक किया. उन्हें भी नमी चेक करने का मीटर दिया गया, बोला कि अपना धान खुद ही चेक कर लो. हमने कहा कि 16 से 17 प्रतिशत नमी आने पर भी हम धान ले लेंगे. किसान ने कहा कि किसी तरह धान ले लो हम वापस नहीं ले जाएंगे, फिर गाली गलौज शुरू कर दी. वहां मौजूद दूसरे किसानों ने बीच बचाव किया. जैसे ही मैं गेट से बाहर निकला, फिर मुझे धमकी देना शुरू कर दिया और मारपीट शुरू कर दी. किसानों ने उसे धकेल कर बाहर निकाला. पामगढ़ थाने में एफआईआर करवाया हूं. कलेक्टर ऑफिस में भी शिकायत किया हूं.”

    पामगढ़ पुलिस में केस दर्ज

    कंप्यूटर ऑपरेटर की शिकायत पर पामगढ़ पुलिस घटना स्थल पहुंची और खरीदी केंद्र में लगे CCTV का फुटेज भी चेक किया. जिसके बाद पुलिस ने केस दर्ज किया है. पामगढ़ पुलिस ने दोनों आरोपी किसानों के खिलाफ धारा 296,351(3),115(2),और 3(5) bns के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.जांजगीर सीएसपी योगिता खापर्डे ने बताया कि पामगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत भडेसर धान खरीदी केंद्र में मोहन यादव और धरमसिंह यादव ने नमी वाला धान खरीदने को लेकर कंप्यूटर ऑपरेटर से मारपीट, गाली गलौज की, जान से मारने की धमकी भी दी. अलग अलग धाराओं में केस दर्ज किया गया है. जांच की जा रही है.

  • पत्नी का ब्लाउज सिलाने के बहाने लेडीज टेलर से लिया नंबर, फिर कॉल करके करने लगा प्रपोज

    पत्नी का ब्लाउज सिलाने के बहाने लेडीज टेलर से लिया नंबर, फिर कॉल करके करने लगा प्रपोज

    भिलाई\दुर्ग: खुर्सीपार थाना क्षेत्र में एक महिला को फोन कर प्रताड़ित और यौन शोषण करने का मामला सामने आया है. महिला लेडीज टेलर का काम करती है. आरोपी ने किसी काम के बहाने महिला का मोबाइल नंबर लिया और फोन करके परेशान करने लगा.

    फोन पर महिला के साथ अश्लील बातें करने का मामला

    दुर्ग पुलिस एएसपी पद्मश्री तंवर ने पूरे मामले की जानकारी दी. उन्होंने बताया, दरअसल डेढ़ साल पहले आरोपी, महिला के दुकान में आया. आरोपी ने महिला से बातें की और पत्नी के कपड़े सिलवाने की बात कहते हुए लेडीज टेलर का नंबर लिया. कुछ दिनों बाद उसने महिला को फोन करना शुरू कर दिया. महिला ने पहले फोन कॉल को सामान्य समझा और बातें करने लगी. फिर एक दिन आरोपी ने महिला को फोन पर प्रपोज किया और उससे अश्लील बातें करने लगा. जिसका महिला ने विरोध किया और दोबारा फोन नहीं करने की चेतावनी दी.

    खुर्सीपार पुलिस ने दर्ज किया केस

    लेकिन आरोपी नहीं माना और फिर से बार बार फोन करने लगा.फोन कॉल से परेशान महिला ने ये बात अपने पति को बताई. पति ने आरोपी को समझाइश दी, उसके बाद कुछ दिनों तक आरोपी ने फोन करना बंद कर दिया. लेकिन कुछ दिनों बाद फिर से उसने वहीं सिलसिला शुरू कर दिया. इस बार उसने पति और बच्चों को जान से मारने की धमकी भी दी. जिसके बाद महिला अपने पति के साथ खुर्सीपार थाने पहुंची और मामले की शिकायत दर्ज कराई.

    दुर्ग पुलिस एएसपी पद्मश्री तंवर ने बताया कि महिला की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ धारा 79, 351(3) बीएनएस के तहत केस दर्ज किया गया है. फरार आरोपी की तलाश की जा रही है.

  • भिलाई में सूदखोरी, उधारी का 4 गुना रकम वसूलने के साथ रिटायरमेंट के पैसे भी हड़पने की साजिश

    भिलाई में सूदखोरी, उधारी का 4 गुना रकम वसूलने के साथ रिटायरमेंट के पैसे भी हड़पने की साजिश

    भिलाई: सूदखोरी के मामले में लगातार पुलिस की कार्रवाई के बाद भी ब्याज के जरिए रुपये कमाने का लालच कम नहीं हो रहा है. भिलाई में सूदखोरी के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है.

    जानिए पूरा मामला

    दुर्ग पुलिस अधिकारी पद्मश्री तंवर ने घटना की जानकारी दी. उन्होंने बताया- प्रार्थी ने भट्ठी थाने में मामले की लिखित शिकायत दी. उसने बताया कि घरेलू कार्य के लिए कुछ रुपये की जरूरत थी. उसने प्रदीप नायक नाम के व्यक्ति से संपर्क किया. प्रदीप नायक ने एम कृष्ण रेड्डी उर्फ सोनू के माध्यम से जयदीप सिंह नामक व्यक्ति से 28 फरवरी को 3 लाख रुपये ब्याज पर उधार दिलवाया. उधारी रकम देने के एवज में बंधक के रूप में प्रगति महिला नागरिक सहकारी बैंक सेक्टर 2 के 5 कोरे चैक और दो एग्रीमेंट पेपर साइन कर अपने पास रख लिए.

    प्रार्थी ने जून 2025 में जयदीप सिंह को ब्याज सहित पूरी रकम वापस कर दी. इसके बाद 30 नवंबर को प्रार्थी रिटायर हुआ. वो रिटायरमेंट की रकम पत्नी के नाम पर ट्रांसफर करने के लिए सेक्टर 2 प्रगति महिला नागरिक सहकारी बैंक गया तो तीन आरोपी ओमप्रकाश, प्रदीप नायक, एम कृष्ण रेड्डी वहां पहुंचे और प्रार्थी से पैसे वापस नहीं देने की बात कहते हुए गाली गलौज किया. दबाव बनाते हुए 9 लाख रुपये आरटीजीएस और 1 लाख रुपये कैश कुल 10 लाख रुपये ले लिए.

    भिलाई पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया, एक फरार

    प्रार्थी की रिपोर्ट पर केस दर्ज कर मामले की जांच पड़ताल की गई. पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध धारा 296, 351(3), 308 (2),111, 3(5) बीएस एवं छत्तीसगढ़ ऋणीयों का संरक्षण अधिनियम 1937 की धारा 4 के तहत केस दर्ज किया. पुलिस ने तीनों आरोपियों प्रदीप नायक ( 38 साल ) निवासी सेक्टर -1, एम कृष्णा रेड्डी (28 साल ) निवासी तालपुरी भिलाई नगर, ओम प्रकाश (57 साल ) निवासी सेक्टर -7 भिलाई नगर को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है. फरार आरोपी जयदीप सिंह की तलाश की जा रही है.

  • बलौदाबाजार में अब तक 1 लाख 25 हजार टन से ज्यादा धान खरीदी, अवैध धान के खिलाफ कड़ी कार्रवाई

    बलौदाबाजार में अब तक 1 लाख 25 हजार टन से ज्यादा धान खरीदी, अवैध धान के खिलाफ कड़ी कार्रवाई

    बलौदाबाजार: जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी चल रही है. किसानों को धान खरीदी में कोई परेशानी ना हो इस पर नजर रखी जा रही है. अवैध धान परिवहन पर प्रशासन की पैनी नजर है.

    बलौदाबाजार में धान खरीदी

    कलेक्टर दीपक सोनी ने बलौदाबाजार में हो रही धान खरीदी के बारे में जानकारी दी. उन्होंने बताया कि जिले में 166 उपार्जन केंद्रों के जरिए किसानों से धान खरीदी हो रही है. 15 नवंबर से शुरू हुई धान खरीदी में अब तक 27 हजार से ज्यादा किसानों ने अपना धान बेचा है. अब तक 1 लाख 25 हजार टन से ज्यादा धान छत्तीसगढ़ सरकार ने खरीदा है.

    बलौदाबाजार में अवैध धान पर एक्शन

    जिले में अवैध धान भंडारण और परिवहन पर भी कार्रवाई जारी है. चार दिसंबर तक 65 प्रकरणों पर कार्रवाई हुई है. 5 दिसंबर को 4 मामलों में 1200 से ज्यादा कट्टा धान जब्त किया गया. एक गोदाम सील किया गया है. कलेक्टर दीपक सोनी ने बताया कि अवैध धान की खपत पर लगातार कार्रवाई की जा रही है. इसके लिए संयुक्त टीम बनाई गई है. फ्लाइंग स्क्वायड टीम बनाई गई है, जिनमें राजस्व विभाग, खाद्य विभाग, मंडी की टीम संयुक्त रूप से जाकर काम कर रही है. शुक्रवार को चार बड़ी कार्रवाई की गई. बया कसडोल में 850 अवैध बोरी जब्त किया गया. भवानीपुर में 46, कोदवा में 11 बोरी, पनगांव में 51 बोरी अवैध धान जब्त किया है.

    कलेक्टर दीपक सोनी के स्पष्ट निर्देश दिया है कि खरीदी सीजन के दौरान किसी भी कीमत पर बिचौलियों, अवैध सौदागरों और पुराने स्टॉक को नए धान के रूप में खपाने की कोशिश कर रहे नेटवर्क को बख्शा नहीं जाएगा.

    पहली बड़ी कार्रवाई: ग्राम बया में 850 कट्टा पुराना अवैध धान जब्त

    सोनाखान तहसील के ग्राम बया में संयुक्त टीम ने स्थानीय प्रतिष्ठान विकास ट्रेडर्स पर औचक दबिश दी. जांच के दौरान टीम को बड़ी मात्रा में पुराने साल का अवैध धान छिपा कर रखा मिला. गिनती के बाद कुल 850 कट्टा धान जब्त किया गया. जिला खाद्य अधिकारी ने बताया कि व्यापारी से अवैध रूप से खरीदे और संग्रहित धान का कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया जा सका. इसके बाद टीम ने मौके पर ही कार्रवाई करते हुए पूरा धान जब्त कर लिया.

    दूसरी कार्रवाई: ग्राम ओड़ान में 305 बोरी अवैध धान जब्त, ग्राम तेलासी में गोदाम सील

    चार दिसंबर के बाद पांच दिसंबर को पलारी क्षेत्र में एक और बड़ी कार्रवाई हुई. एसडीएम पलारी दीपक निकुंज के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने ग्राम ओड़ान में दिनेश चंद्राकर के धान गोदाम पर अचानक जांच की. यहां टीम को 305 बोरी अवैध धान मिला, जिसे तुरंत जब्ती बनाकर सील कर दिया गया.

    तीसरी कार्रवाई: भवानीपुर में 46 बोरा घोषित स्टॉक से अधिक धान जब्त

    ग्राम भवानीपुर में ट्रेडर्स चुन्नीलाल साहू के प्रतिष्ठान की जांच की गई. रिकॉर्ड और वास्तविक स्टॉक में बड़ा अंतर पाया गया. व्यापारी ने जितना स्टॉक घोषित किया था, वास्तविक भंडारण उससे अधिक था. जांच में 46 बोरी अतिरिक्त धान पकड़ा गया, जिसे टीम ने मौके पर जब्त कर लिया.

    प्रशासन की तीन स्तरीय मॉनिटरिंग

    इस बार खरीदी सीजन में प्रशासन ने मॉनिटरिंग को तीन स्तरों पर बढ़ाया है:

    गांव स्तर पर निगरानी: पटवारी, कोटवार और स्थानीय राजस्व स्टाफ को निर्देश दिए गए हैं कि गांव में किसी भी तरह के बड़े धान स्टॉक की सूचना तुरंत दें.

    औचक निरीक्षण: खाद्य और मंडी विभाग की टीमें रोजाना अलग-अलग गांवों में बिना सूचना दिए दबिश दे रही हैं.

    खरीदी केंद्रों पर सीसीटीवी और सत्यापन: खरीदी केंद्रों पर धान पहुंचने से पहले किसान की पैदावार, रजिस्ट्रेशन और टोकन की जांच अनिवार्य की गई है.

  • हाई कोर्ट का सख्त रुख: नेहा सिंह राठौर को राहत देने से इनकार, PM मोदी पर टिप्पणी को लेकर अदालत ने दिए कड़े निर्देश

    हाई कोर्ट का सख्त रुख: नेहा सिंह राठौर को राहत देने से इनकार, PM मोदी पर टिप्पणी को लेकर अदालत ने दिए कड़े निर्देश

    भोजपुरी लोक गायिका नेहा सिंह राठौर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर चल रहे केस में इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच से शुक्रवार को बड़ा झटका लगा है. न्यायमूर्ति बृज राज सिंह की एकल पीठ ने उनकी अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी. कोर्ट ने साफ कहा कि नेहा के खिलाफ लगे आरोप पहली नजर में संज्ञेय अपराध की श्रेणी में आते हैं और पुलिस को पूरी जांच करने का हक है.

    कोर्ट ने यह भी टिप्पणी की कि उनका विवादित पोस्ट जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले के ठीक बाद किया गया था, जिसका समय बेहद संवेदनशील था. गौरतलब है कि इसी साल अप्रैल में लखनऊ की हजरतगंज कोतवाली में नेहा के खिलाफ FIR दर्ज हुई थी.

    क्या किया था पोस्ट?

    नेहा सिंह राठौर पर आरोप है कि उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा था कि पहलगाम हमले के बाद मोदी जी बिहार आए ताकि पाकिस्तान को धमकाएं और राष्ट्रवाद के नाम पर वोट बटोर सकें. उन्होंने आगे लिखा कि आतंकियों को ढूंढने और अपनी गलती मानने के बजाय बीजेपी देश को युद्ध की तरफ धकेल रही है.

    इन पोस्ट्स को प्रधानमंत्री का अपमान और देश में नफरत फैलाने वाला माना गया. इससे पहले 19 सितंबर को हाईकोर्ट की खंडपीठ ने भी नेहा की उस याचिका को खारिज कर दिया था, जिसमें उन्होंने पूरी FIR ही रद्द करने की मांग की थी. कोर्ट ने तब कहा था कि आरोप गंभीर हैं और नेहा को जांच में पूरा सहयोग करना होगा.

    शासकीय अधिवक्ता डा. वीके सिंह ने कोर्ट में पक्ष रखा कि नेहा बार-बार समन के बावजूद जांच में सहयोग नहीं कर रही हैं, इसलिए अग्रिम जमानत नहीं दी जा सकती. अब अग्रिम जमानत खारिज होने के बाद नेहा सिंह राठौर के लिए गिरफ्तारी का खतरा बढ़ गया है. उनके वकील अगला कदम सुप्रीम कोर्ट जाने पर विचार कर रहे हैं. यह मामला एक बार फिर अभिव्यक्ति की आजादी बनाम राष्ट्रीय सुरक्षा और सम्मान के बीच चल रही बहस को गरमा दिया है.

  • बाबरी मस्जिद शिलान्यास की अफवाह से हड़कंप! बंगाल के मुर्शिदाबाद में हुमायूं कबीर के ऐलान के बाद सख्त सुरक्षा, प्रशासन अलर्ट

    बाबरी मस्जिद शिलान्यास की अफवाह से हड़कंप! बंगाल के मुर्शिदाबाद में हुमायूं कबीर के ऐलान के बाद सख्त सुरक्षा, प्रशासन अलर्ट

    पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में शनिवार को अयोध्या की तोड़ी गई बाबरी मस्जिद की तर्ज पर एक मस्जिद की नींव रखी जा रही है. मामले की संवेदनशीलता देखते हुए इलाके की सुरक्षा बढ़ा दी गई है. इस मस्जिद को सस्पेंड किए गए तृणमूल कांग्रेस (TMC) विधायक हुमायूं कबीर बना रहे हैं.

    यह दिन इसलिए भी संवेदनशील है, क्योंकि 6 दिसंबर, 1992 को बाबरी मस्जिद गिराए जाने की सालगिरह है. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अब अयोध्या में उस जगह पर राम मंदिर बन गया है, इसी दिन आज बंगाल में हुमायूं कबीर बाबरी नाम से एक मस्जिद की बुनियाद रख रहे हैं.

    सुरक्षा के सख्त इंतजाम

    अधिकारियों ने न्यूज एजेंसी PTI को बताया कि मुर्शिदाबाद के बेलडांगा इलाके को, जहां यह मस्जिद बनाने का प्रस्ताव है, हाई सिक्योरिटी जोन घोषित कर दिया गया है. यहां पुलिस, रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) और BSF यूनिट्स को तैनात किया गया है.

    PTI की रिपोर्ट में एक अधिकारी के हवाले से बताया गया है कि RAF के जवान शुक्रवार को ही रेजिनगर पहुंच गए थे और अपनी फाइनल तैनाती से पहले एक लोकल स्कूल में रुके थे. उन्होंने यह भी बताया कि कृष्णानगर और बहरामपुर से भी और फोर्स भेजी गई है. केंद्रीय बलों ने रूट मार्च किया और मस्जिद बनने वाली जगह के पास के इलाकों में गश्त करते देखा गया.

    शांति से पूरा होगा काम- विधायक

    वहीं हुमायूं कबीर के इस प्रस्ताव को जनता का भी समर्थन मिल रहा है. उत्तर बारासात के रहने वाले मोहम्मद शफीकुल इस्लाम सिर पर ईंटें लेकर चलकर मस्जिद के स्थान पर जा रहे हैं. उन्होने कहा कि उनका योगदान बाबरी मस्जिद के निर्माण में जाएगा. सस्पेंड किए गए TMC विधायक हुमायूं कबीर ने एडमिनिस्ट्रेशन को बताया कि उनके वॉलंटियर्स ज़मीन पर मौजूद रहेंगे और उन्होंने भरोसा जताया कि यह प्रोग्राम शांति से पूरा हो जाएगा.

  • उत्तर प्रदेश में नौकरियों की बहार! 44,000 से अधिक सरकारी नौकरियां जल्द, आवेदन की प्रक्रिया और ज़रूरी योग्यता जानें

    उत्तर प्रदेश में नौकरियों की बहार! 44,000 से अधिक सरकारी नौकरियां जल्द, आवेदन की प्रक्रिया और ज़रूरी योग्यता जानें

    UP Govt Jobs 2025: यूपी में जल्द ही बंपर सरकारी नौकरियां निकलने वाली हैं. ये वैकेंसी यूपी अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की ओर से निकाली जाएगी. इसमें लेखपाल, तकनीकी सेवा और जूनियर असिस्टेंट सहित कई पोस्ट हैं. इसके लिए आयोग जल्द ही डिटेल नोटिफिकेशन जारी कर सकता है. अप्लाई आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन मोड में करना होगा. आइए जानते हैं कि इस वैकेंसी के लिए कौन अप्लाई कर सकते हैं.

    यूपी पीईटी 2025 परीक्षा का रिजल्ट घोषित कर दिया गया है. नतीजे कल, 5 दिसंबर को जारी किए गए. इस परीक्षा का आयोजन ग्रुप ‘बी’ और ग्रुप ‘सी’ के पदों पर भर्तियों के लिए योग्यता के रूप में किया जाता है. एग्जाम राज्य भर में निर्धारित विभिन्न केंद्रों पर 6 और 7 सितंबर 2025 को किया गया था. परीक्षा राज्य भर के लाखों अभ्यर्थी शामिल हुए थे. एग्जाम में सफल अभ्यर्थी आयोग की ओर से निकाली जाने वाली 44 हजार से अधिक वैकेंसी के लिए अप्लाई कर सकेंगे.

    UPSSSC PET Result 2025 How to Check: कैसे चेक करें यूपी पीईटी रिजल्ट 2025?

    • यूपीएसएसएससी की आधिकारिक वेबसाइट upsssc.gov.in पर जाएं.
    • होम पेज पर दिए गए यूपी पीईटी रिजल्ट 2025 के लिंक पर क्लिक करें.
    • अब रजिस्ट्रेशन नंबर आदि मांगी गई जानकारी को दर्ज कर सबमिट करें.
    • स्कोरकार्ड आपकी स्क्रीन पर आ जाएगा.
    • अब चेक करें और प्रिंट निकाल लें.

    UP Sarkari Naukri 2025: जल्द आएंगी 44 हजार से अधिक नौकरियां

    पीईटी के जरिए आयोग 44 हजार से अधिक पोस्ट के लिए जल्द ही वैकेंसी निकालेगा. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार आयोग ने 44778 पदों पर भर्तियों का प्रस्ताव शासन को भेजा है. इन पदों में लेखपाल के 7994, तकनीकी सेवा के 5431, जूनियर असिस्टेंट के 4582, अधिशाषी अधिकारी के कुल 320 पोस्ट के लिए आयोग को प्रस्ताव मिला है. वहीं मत्स्य अधिकारी के 105, फार्मासिस्ट के 397स कंपाउंडर के 560 आबकारी कांस्टेबल के 564 सहित कई पद 44 हजार से अधिक की वैकेंसी में शामिल हैं. इन पदों के लिए पीईटी 2025 परीक्षा पास कर चुके अभ्यर्थी ही आवेदन के योग्य होंगे.

  • केजरीवाल का कांग्रेस पर निशाना: ‘BJP की नाकामियों पर सवाल उठाने पर कांग्रेस को क्यों हो रहा दर्द?’, विपक्ष के खेमे में फूट

    केजरीवाल का कांग्रेस पर निशाना: ‘BJP की नाकामियों पर सवाल उठाने पर कांग्रेस को क्यों हो रहा दर्द?’, विपक्ष के खेमे में फूट

    गुजरात के जामनगर से आप विधायक गोपाल इटालिया पर हमले के बाद आम आदमी पार्टी ने बीजेपी और कांग्रेस पर निशाना साधा है. आप संयोजक अरविंद केजरीवाल ने दोनों पार्टियों पर आरोप लगाते हुए बड़ा हमला बोला है. केजरीवाल ने कहा कि गुजरात में आप की बढ़ती लोकप्रियता से बीजेपी और कांग्रेस दोनों डरी हुई हैं.

    अरविंद केजरीवाल ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि जब आप बीजेपी की नाकामियों पर सवाल उठाती है तो कांग्रेस को दर्द क्यों होता है. इसी वजह से उनकी पार्टी के विधायक गोपाल इटालिया पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हमला किया है. ये हमला साफ बताता है कि गुजरात में बीजेपी और कांग्रेस अब आप के खिलाफ एकजुट होकर लड़ रही हैं. केजरीवाल ने दोनों पार्टियों को चेतावनी देते हुए सख्त संदेश दिया है.

    केजरीवाल ने दोनों पार्टियों को दी चेतावनी

    केजरीवाल ने दोनों पार्टियों को चेतावनी देते हुए कहा कि दोनों पार्टियां सुन लें. AAP के नेता न डरते हैं, न झुकते हैं. गुजरात की जनता अब AAP की तरफ जाते हुए बदलाव का मन बना चुकी है, और यही इन दोनों पार्टियों की घबराहट की वजह है. केजरीवाल ने कहा कि गुजरात के लोग आप को पसंद कर रहे हैं. गुजरात अब बदलाव चाहती है. आने वाले चुनाव में यह बदलाव होना है और होकर रहेगा. चाहे बीजेपी और कांग्रेस कितना भी जोर लगा ले.

    आप विधायक ने केस दर्ज कराने से किया मना

    वहीं आप विधायक गोपाल इटालिया ने कहा, “आज जामनगर की जनसभा के दौरान मेरे ऊपर हमला करनेवाले शख्स के खिलाफ मैं FIR करना नहीं चाहता. मैं उस व्यक्ति को दिल से माफ करता हूं और उस व्यक्ति एवं उनके परिवार को ईश्वर सुखी रखे यह प्रार्थना करता हूँ. जय किसान.” वहीं आप नेता दुर्गेश पाठक ने कहा, “गोपाल इटालिया BJP के खिलाफ बोलते हैं, पर चिढ़ कांग्रेस को होती है. BJP से लड़ो तो हमला कांग्रेस करती है. ये दोनों का रिश्ता क्या है?

  • सहकारिता से समृद्धि! गृहमंत्री अमित शाह ने ‘अर्थ समिट 2025’ में की बड़ी घोषणा- ‘हर पंचायत में बनेगी सहकारी संस्था’

    सहकारिता से समृद्धि! गृहमंत्री अमित शाह ने ‘अर्थ समिट 2025’ में की बड़ी घोषणा- ‘हर पंचायत में बनेगी सहकारी संस्था’

    केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को गांधीनगर में राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) द्वारा आयोजित ‘अर्थ समिट 2025’ का उद्घाटन किया. सत्र को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने दुनिया में सतत विकास का नया आदर्श स्थापित किया है. उन्होंने ग्रामीण अर्थव्यवस्था, कृषि, पशुपालन और सहकारिता को भारत की आर्थिक रीढ़ बताते हुए कहा कि आने वाले वर्षों में देश का विकास मॉडल इन्हीं आधारों पर खड़ा होगा. इस दौरान गृहमंत्री शाह ने सहकार सारथी की 13 से अधिक नई सेवाएं और प्रोडक्ट लॉन्च किए. उन्होंने कहा कि आने वाले समय में हर पंचायत में सहकारी संस्था बनाई जाएगी.

    गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने कहा कि यह दूसरी शिखर-वार्ता, देशभर में आयोजित की जा रही तीन अर्थ-सम्मिटों की श्रेणी में एक महत्वपूर्ण कड़ी है. इन शिखर-वार्ताओं का उद्देश्य केवल देश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाना ही नहीं है, बल्कि ग्रामीण विकास के विभिन्न पहलुओं पर नए सिरे से विचार कर परिणाम-उन्मुख समाधान निकालना भी है.

    उन्होंने कहा कि तीनों सम्मिटों के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़े चार मंत्रालयों के बड़े मुद्दों के समाधान तैयार किए जाएंगे, और अगले वर्ष दिल्ली में होने वाली तीसरी समिट में सभी विमर्शों का एक सुसंगत नीति-स्वरूप प्रस्तुत किया जाएगा.

    मूल मंत्र को ही भूल बैठे हम- शाह

    अमित शाह ने कहा कि महात्मा गांधी जी ने कहा था कि यदि भारत को आगे बढ़ना है, तो उसके विकास की परिकल्पना गांवों को केंद्र में रखे बिना संभव नहीं है. लेकिन, आज़ादी के कुछ वर्षों बाद ही हम इस मंत्र को भूल बैठे. कृषि, पशुपालन और सहकारिता — ग्रामीण विकास के तीन प्रमुख स्तंभ — लंबे समय तक उपेक्षित रहे हैं. उन्होंने कहा कि 2014 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में ग्रामीण विकास को राष्ट्रीय विकास की धुरी बनाने का ऐतिहासिक परिवर्तन शुरू हुआ.

    कोई नहीं छूटेगा पीछे- अमित शाह

    उन्होंने कहा कि समग्र दृष्टिकोण के साथ हमने तय किया है कि आने वाले सालों में देश की प्रत्येक पंचायत में एक सहकारी संस्था स्थापित की जाएगी. सहकारिता के माध्यम से 50 करोड़ से अधिक सक्रिय सदस्य बनाए जाएंगे तथा सहकारिता का GDP योगदान वर्तमान की तुलना में बढ़ाया जाएगा. जब यह लक्ष्य पूरे होंगे, तब कोई भी व्यक्ति पीछे नहीं छूटेगा. चाहे वह पशुपालन करने वाली ग्रामीण महिला हो, या छोटे किसान हर कोई आगे रहेगा.

    अमित शाह ने कहा कि तकनीक के बिना सहकारिता आगे नहीं बढ़ सकती है. छोटी कोऑपरेटिव्स के पास टेक इंफ्रास्ट्रक्चर का भार उठाने की क्षमता नहीं थी. नाबार्ड ने सहकार सारथी के माध्यम से सभी ग्रामीण बैंकों को 13+ डिजिटल सेवाएं उपलब्ध कराकर ऐतिहासिक कदम उठाया है.

    गुजरात के बाद देश में लागू होगी योजना

    अमित शाह ने बताया कि सभी जिला केंद्रीय, राज्य, कृषि और अर्बन कोऑपरेटिव बैंक एक ही टेक्नोलॉजी अम्ब्रेला के अंतर्गत आएंगे, आधुनिक बैंकिंग तकनीक बिना किसी आर्थिक बोझ के उपलब्ध होगी, वसूली, डिस्बर्समेंट, KYC, लीगल डॉक्यूमेंटेशन, अप्रेज़ल, वेबसाइट निर्माण आदि पूरी तरह टेक-इनेबल होंगे और ग्रामीण कोऑपरेटिव बैंकों में रियल-टाइम ट्रैकिंग सिस्टम लागू होंगे. उन्होंने यह भी कहा कि RBI के सहयोग से एक मजबूत सहकारी बैंकिंग ढांचा खड़ा किया जा रहा है और जल्द ही e-KCC रखने वाला किसान विश्व के महंगे क्रेडिट कार्ड जैसी सुविधाएं प्राप्त करेगा.

    आगे कहा कि अब राष्ट्रीय स्तर पर तैयार सहकारी डेटा के आधार पर जहांजहां वैक्यूम है, वहां विस्तार की योजना बनाई जाएगी. जरूरत वाले गांव/क्षेत्र की पहचान सॉफ्टवेयर के माध्यम से तुरंत हो सकेगी. पिछले दो वर्षों से चल रहे प्रोजेक्ट में बचे हुए वैज्ञानिक सुधार अगले वर्ष पूरे किए जाएंगे. उन्होंने कहा कि गुजरात ने डेयरी सेक्टर में पूर्ण सर्कुलर इकोनॉमी मॉडल स्थापित कर लिया है. उत्पादों का स्वदेशीकरण हो चुका है और लाभ सीधे किसानों को मिल रहा है. अब इसे पूरे देश में लागू करने की योजना है.